Transmission Media क्या है? [Types of Transmission Media]

Transmission Media क्या है?

Transmission Media क्या है?

Computer networking में सूचनाओं को स्थानांतरित करने के लिए अनेक विधियॉ है। हमारे द्वारा किसी भी सूचनाओं को cable या wireless दोनों प्रकार से एक स्थान से दूसरे स्थान पर भेजा जा सकता हैं। केबल या वायरलेस के माध्यम से Transmission Media का चुनाव करते समय निम्न कारकों का ध्यान रखना आवश्यक है:

  • Transmission की दर
  • लागत एवं स्थापना की सुविधा
  • दूरी
  • पर्यावरण के लिए उपयुक्त

Types of Transmission Media:

Computer संचार में निम्न दो समूहों में Transmission Media का उपयोग होता है:

(1) Guided Media

(2) Unguided Media

Wired Network

इसे bounded media भी कहा जाता है। इसमें भौतिक link होता है जिसमें signal को एक संकीर्ण रास्ते से भेजा जाता है। इसमें आमतौर पर तांबे के तार का उपयोग किया जाता है जो एक मोटे खोल से ढका हुआ होता है। जो इसे बाहरी वातावरण से सुरक्षित रखता है। इस प्रकार के tranmission तीव्र गति से होता है एवं यह काफी सस्ता होता है परंतु इसका उपयोग काम दूरी के लिए ही किया जा सकता है। इसमें निम्न चार प्रकार के transmission media का उपयोग किया जाता है:

(1) Two-Wire open line

(2) Twisted pair cable

(3) Coaxial cable

(4) Fiber optic cable

(1) Two Wire Open Line:

यह एक सामान्य प्रकार का transmission media होता है। इसमें तांबे धातु की बनी  हुई सामान्य प्रकार के दो Wire का उपयोग किया जाता है (जो कभी-कभी एल्युमिनियम की होती है) जो 4.0 और 1mm चौड़ाई की होती है। इसके दोनों wire एक दूसरे से अलग होते हैं। जिसे निम्न चित्रो में दर्शाया गया है:

Two Wire Open Line:

इस प्रकार के communication media का उपयोग काम दूरी (50 मीटर से नीचे) में communication करने के लिए किया जाता है और इसमें केवल सामान्य bit rate का प्रयोग होता है (अर्थात 19200 bps से कम)।

(2) Twisted Pair Cable:

Twisted pair cable, insulated conductors का एक जोड़ा होता है जो साथ मे लिपटे होते हैं। यह two wire open lines की तुलना में noise signal की अधिक सुरक्षा प्रदान करता है। एक दूसरे से समीप होने के कारण इसका signal बराबर मात्रा में बिना किसी चुम्बकीय बाहरी प्रभाव के source तक पहुच जाता है, जिससे signal में परिवर्तन होने पर उत्पन्न हुए आवाज को कम करता है। यदि अधिक pair cable को एक साथ एक cable में रखा जाता है, तो इससे signal के फैलाव एवं आवाज के कटाव में कमिआति है। इसे निम्न figure के द्वारा दर्शाया गया है:

Twisted Pair Cable:

यह cable 1-2 Megabits per second (Mbps) की गति से एक किलोमीटर (km) या अधिक दूरी रॉक data transfer कर सकता है लेकिन अगर हम speed को बढ़ाना चाहते है तो दूरी को कम करना होता है।

इस transmission media की मुख्य कमी यह है कि इसकी अधिकतम speed 1 Mbps को अधिकतम 1 किलोमीटर के अंदर ही प्राप्त किया जा सकता है और उसके बाद हमें frequent repeater की आवश्यकता होती है। और जब दूरी को बढ़ाया जाता है तो उसका installation तथा maintenance cost बढ़ते जाते हैं, क्योकि repeater की संख्या बढ़ती जाती है, जो twisted pair cable के लागत से कहीं अधिक होती है।

(3) Coaxial Cable:

इसमें एक ठोस बाहरी annular conductor से ढंका होता है, जिसके केंद्र में तांबे का तार होता है और इसके मध्य एक कुचालक पदार्थ की परत होती है।

इस cable का ज्यादातर उपयोग local area network (LAN), cable TV और ऐसे स्थानों पर किया जाता है जहाँ high speed point-to-point line की आवश्यकता होती है। इसका उपयोग काम दूरी लगभग 1 किलोमीटर के अंदर में 100 Mbps की rate के साथ उपयोग किया जाता है। इसे निम्न चित्र के द्वारा दर्शाया गया है जिसे देख कर समझा जा सकता है:

Coaxial Cable:

Coaxial cable निम्न दो varieties में पाया जाता है एक 75 ohm standard cable जिसका उपयोग TV industry में cable के रूप में किया जाता है और एक low loss 50 ohm cable जिसका उपयोग high स्पीड broadband networks में किया जाता है। वह cable जो TV industry में उपयोग किया जाता है, कम खर्चीला होता है इसके साथ ही low loss 50 ohm cable अधिक खर्चीला होता है।

(4) Fiber Optic Cable:

Optical fiber cable अन्य प्रकार ले media से भिन्न होता है, यह cable कांच के हजारों पतले रेशों से निर्मित होता है। प्रत्येक कांच के रेशा एक बाल के समान बारीक होता है जिसमें प्रकाश को स्थानांतरित किये जा सकते हैं। इसमें किरण को एक laser device के द्वारा million bits प्रति second की गति से प्रेषित किया जाता है। इसे निम्न figure के द्वारा दर्शाया गया है:

Fiber Optic Cable:

एक fiber कुछ television संकेत अथवा हजारों telephone lines के संकेत को संचालित कर सकता है। इस cable का आकार एवं भार coaxial cable की अपेक्षा कम होता है जिससे इसे उपयोग में लाना आसान होता है। दो coaxial cable को आपस मे जोड़ने पर data का transmission बाधित होता है जबकि fiber optic cable का जोड़े छुपा हुआ होता है।, इसे जोड़ने पर यह एक हो जाती है क्योंकि इसे चिपकाया जाता है। इसमें data transfer coaxial cable की अपेक्षा 10 गुना अधिक गति से होता है। इसके द्वारा high speed (1000 Mbps) से data को transmit किया जा सकता है।

Wireless transmission:

इसे unbounded media भी कहा जाता है। Wireless media को unguided media कहा जाता है क्योंकि इसमें दोनों devices के बीच transmission के लिए किसी प्रकार का physical connection नहीं होता है। इसमें transmission के लिए वातावरण का प्रयोग किया जाता है। इसलिए इसमें दोनों devices के बीच की दूरी की कोई सीमा नही होती। इस transmission के लिए निम्न तीन प्रकार के माध्यम का उपयोग किया जाता है:

(1) Radio Waves:

इसका उपयोग multicast संचार में किया जाता है जैसे radio, TV, passer इत्यादि में इस signal का उपयोग किया जाता है।

(2) Microwave wave:

Microwave wave का उपयोग uni cast संचार जैसे: cellular telephone, satellite network तथा wireless LAN के लिए किया जाता है। इसकी frequency सीमा दीवार को पार नही कर सकती। इसमें point to point line के लिए direction antenna का उपयोग किया जाता है। इस माध्यम से text, audio, video, sound इत्यादि data को transmit किया जा सकता है। High speed radio signal को microwave कहा जाता है जिसके द्वारा किसी दूरस्थ स्थान पर data को स्थानांतरित किया जा सकता है। 

(3) Infrared wave:

इस signal का उपयोग काम दूरी के communication के लिए किया जाता है। इसका signal कुछ ही दूरी तक प्रसारित होता है। इसके द्वारा text, audio, video सभी प्रकार के signal को प्रसारित किया जा सकता है।

Leave a Comment